ग्रामीणों में फैली भ्रांति: अस्पताल गए तो कर देंगे क्वॉरंटीन

पोस्ट पसंद आये तो लाइक जरुर करे ?

बिलाड़ा (जोधपुर) . लगातार अच्छी बारिश होने से क्षेत्र में वर्षा जनित बीमारियों का फैलाव इस बार भी है लेकिन लोग कोरोना के डर से सरकारी अस्पताल जाने से कतरा रहे हैं। यही रोगी निजी चिकित्सालयों में या झोलाछाप चिकित्सकों से इलाज करवाने पहुंच रहे हैं। लोगों में यह भ्रांति घर कर चुकी है कि वे अगर सरकारी अस्पताल गए तो उन्हें 14 दिन के लिए क्वॉरंटीन कर देंगे। नतीजतन कोरोनाकाल के दौरान गत वर्ष की अपेक्षा आधे रोगी ही अस्पताल नहीं पहुंचे।

अच्छी बारिश होने और फिर तेज धूप निकलने से अचानक मौसम पलटता है जिससे बुखार, सिर दर्द, बदन दर्द और पेट में खराबी जैसे रोग होना सामान्य बात है। इन रोगों के इलाज के लिए गत वर्ष सरकारी अस्पताल में रोगियों की लंबी कतारें लगती थी। रोग तो अब भी है परन्तु रोगी अस्पताल जाने से कतरा रहे हैं।

खाली पड़े वार्ड और पर्ची काउंटर
वर्ष 2019 के जून माह में 7 हजार 781 रोगियों के स्वास्थ्य की जांच ओपीडी में हुई और 331 रोगियों को वार्डों में भर्ती कर उपचार किया। वहीं इस साल जून में 4158 की ओपीडी रही तथा 119 रोगी ही अस्पताल में भर्ती हुए। पिछले साल जुलाई में 9 हजार 6 रोगियों के स्वास्थ्य की जांच हुई तथा 291 रोगियों को भर्ती किया गया। इस बार 4 हजार 554 रोगियों के स्वास्थ्य की जांच हुई 148 रोगियों को भर्ती किया गया। अगस्त 19 में नौ हजार 858 रोगियों की जांच तथा 280 रोगियों को भर्ती किया गया जबकि इस वर्ष अगस्त में मात्र 4 हजार 219 रोगियों की जांच हुई तथा महज 75 रोगियों को भर्ती किया गया।

इनका कहना है

लोग इन दिनों खरीफ की उपज लेने के लिए खेतों में ज्यादा व्यस्त है। कई लोग अपना उपचार स्वयं भी कर लेते हैं। यह सही है कि गत वर्ष की तुलना में इस बार सरकारी चिकित्सालय में रोगी कम आ रहे हैं।
-जितेंद्र सिंह चारण, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, बिलाड़ा खंड



from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/3hWuY8e
Share on Google Plus

About Atul

This is a short description in the author block about the author. You edit it by entering text in the "Biographical Info" field in the user admin panel.

0 comments:

Post a Comment