अभिषेक मनु सिंघवी ने सीएम राजे पर लगाए जमकर आरोप: कहा- जुमलेबाजी में देश के प्रधानमंत्री से भी आगे निकल गईं

पोस्ट पसंद आये तो लाइक जरुर करे ?

जोधपुर.
राज्यसभा सांसद व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 15 लाख नौकरियां देने का वादा किया था, और कहा कि हमने 44 लाख नौकरी दीं। सिंघवी ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री जुमलेबाजी में देश के प्रधानमंत्री से भी आगे निकल गईं। सच्चाई यह है कि संवैधानिक संस्था सीएजी की 2018 की रिपोर्ट में सामने आया कि पूरे प्रदेश में 33 लाख बेरोजगार हैं। जिस प्रदेश में 55 प्रतिशत 25 वर्ष से कम आयु के हैं, वहां मुख्यमंत्री 44 लाख रोजगार कैसे पैदा कर सकती है?

सिंघवी ने सरदारपुरा चिल्ड्रन पार्क के पास स्थित एक होटल में रविवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि दिसंबर 2017 में पंजीकृत बेरोजगार 20 लाख थे। देश में बेरोजगारी की दर अक्टूबर 2018 में 13.7 प्रतिशत थी। देश का चौथा बेरोजगार प्रदेश राजस्थान है। बच्चों के विषय का कोर्ट पूरे राजस्थान में एक है। इससे संबंधित याचिका पर सरकार ने जवाब दिया कि उनके पास पैसे नहीं है। महिला उत्पीडऩ में राज्य सरकार ने राजस्थान को चौथे स्थान पर लाकर खड़ा कर दिया है।

ईवीएम की गड़बडिय़ों पर सिंघवी ने कहा कि चुनाव आयोग को हमने तीन बड़े दस्तावेज दिए। मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश व छत्तीसगढ़ के बारे में बताया और सुझाव दिए। एमपी में 48 घंटे तक बहुत सारी मशीनें पुलिस स्टेशन में पड़ी रही। यहां रखने का औचित्य नहीं है। इन्हें वहां से नहीं ले जाया गया। आज स्पष्टीकरण आया कि रिजर्व ईवीएम थी। हमारे अनुसार रिजर्व ईवीएम नहीं थी। दूसरा हमने उत्तर प्रदेश में सिद्ध किया कि विधानसभा क्षेत्र सारणपुर में 167 पोलिंग बूथ थे। जिसमें 44 नंबर बूथ पर मतदाताओं के नाम हटा दिए गए। जिनमें भ्रम था कि ये लोग कोई विशेष पार्टी को वोट करेंगे, इसी कारण से हटाया गया। जबकि ऐसे में 167 बूथ पर 16 हजार मतदाताओं का अंतर आता और पूरे उत्तरप्रदेश में 66 लाख मतदाताओं का फर्क आ जाता। छत्तीसगढ़ में जैसे चुनाव खत्म होता है, स्ट्रांग एरिया में सात-सात दरवाजे खुले थे। जिला निर्वाचन अधिकारी फोन लेकर अंदर जाते हैं। हमने बहुत लाजमी विरोध किया। भाजपा सबसे ज्यादा खर्चा करने वाली पार्टी है। उन्होंने कहा कि रोजगार, कृषक, महिला उत्पीडऩ व अपराध में प्रदेश अव्वल हो गया है। ये उपलब्धियां हम घटाएंगे।

जोधपुर के मुद्दे पर कहा कि नहर का तीसरा फेज 2016 तक आ जाता, लगभग वह दो वर्ष लंबित हुआ है। करीब 931 गांवों को पानी पहुंचने में और विलंब होगा। उन्होंने कहा कि वे दिल्ली में विपक्ष में है, लेकिन वहां सरकारी स्कूलों की स्थिति अच्छी है। भाजपा सरकार ने कहा था कि राजस्थान में पीपीपी मॉडल में दस हजार स्कूल निजी हाथों में देंगे। इसका उद्देश्य निजीकरण के नाम पर मुनाफाखोरी था। प्रदेश में 2015-16 में 13 हजार प्राथमिक स्कूल कम हो गए। करीब 1.4 लाख विद्यार्थी कम हो गए। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में प्रीमियम साढ़े तीन सौ प्रतिशत बढ़ा, जिसमें राजस्थान में कवर कृषक 4.2 प्रतिशत बढ़े। क्लेम पे आउट बहुत कम किए। इस योजना को सरकार ने लाभ की स्कीम बना दिया। पूरे देश में 85 लाख कृषक पीएम योजना से निकल गए। इसमें से राजस्थान के 38 लाख थे। कृषकों से केवल रुपए ऐंठे गए।



from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2FWa3o2
Share on Google Plus

About Atul

This is a short description in the author block about the author. You edit it by entering text in the "Biographical Info" field in the user admin panel.

0 comments:

Post a Comment