जोधपुर।
अगले माह से प्रशासन को शहरों के संग आना है। पट्टे देने हैं और कई विकास की योजनाओं को धरातल पर लाना है। लेकिन इसमें सबसे बड़ी चुनौती सेक्टर व जोनल प्लान है। अगले 20 दिन में जोधपुर के बचे हुए तीन जोनल प्लान और दोनों नगर निगम के सेक्टर प्लान को अमलीजामा पहनाना है। दो बड़ी कंपनियां शहर के इन जोनल प्लान पर सुपर इम्पोज तकनीक से कार्य कर रही हैं। निगम के दोनों प्लान समय पर पूरा करना एक चुनौती है।
जेडीए के जोन दक्षिण पार्ट एस-2, जोन उत्तर (पार्ट एन-1, एन-2), जोन पूर्व पार्ट ई-2, जोन पूर्व, पश्चिम एवं दक्षिण के पार्ट ई-1, डब्ल्यू-1, एस-1 के जोनल डवलपमेंट प्लान ड्राफ्ट को जल्द ही आपत्तियों एवं सुझावों के लिए जारी किया जाएगा। प्राधिकरण ने जोन पश्चिम डब्ल्यू-2 के प्रारूप जोनल डवलपमेंट प्लान को पूर्व में आपत्तियों एवं सुझावों के लिए जारी कर दिया था। इस प्लान को अन्तिम रूप देकर अधिसूचना की जाएगी। जेडीए क्षेत्राधिकार के टोटल स्टेशन डीजीपीएस ड्रोन सर्वे कार्य के लिए प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है।
जोनल-सेक्टर प्लान में इन बातों का ध्यान
- चारो जोन में बड़े-बड़े उद्यानों के लिए भूमि
- अन्तराष्ट्रीय स्तर के खेल मैदान
- बस स्टैण्ड एवं मुख्य मार्गों के लिए 200 फीट चौड़ी सडक़ रखने
- अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, शिक्षण संस्थान, वाणिज्यिक एवं रहवासीय योजनाओं, विद्युत एवं जल संसाधन के लिए क्षेत्र विकसित करने का काम किया जा रहा है।
.....
मास्टर व सेक्टर प्लान को जोड़ते हुए बनेगी सडक़ें
वापकॉस कंपनी की ओर से सर्वे कर नक्शे तैयार किए जा चुके हैं। सेक्टर प्लान और जोनल प्लान में मास्टर प्लान की सडक़ों को जोड़ते हुए सेक्टर सडक़ों का नक्शा तैयार किया गया है। नवीन कॉलोनियां लॉन्च करते हुए विकास कार्य भी इसमें शामिल किया गया है।
----------
फोटो 83 ::: कार्यसमिति की बैठक में मंथन
जेडीए कार्यकारी समिति की बैठक आयुक्त कमर चौधरी की अध्यक्षता में हुई। इसमें भी जोनल-सेक्टर प्लान पर प्रजेंटेशन दिया गया। राजकीय महिला पॉलिटेक्निक परिसर में कुल 40 बीघा भूमि पर बन रहे अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के ऑडिटोरियम एवं कल्चरल सेन्टर निर्माण पर भी चर्चा की गई इस कार्य के दूसरे चरण के लिए 25 करोड़ की प्रशासनिक एवं वित्तिय स्वीकृति जारी की गई है। नवसृजित पंचायत समिति धवा, घंटियाली और केरू के लिए जमीन आवंटन के निर्णय किए गए। सालावास गांव के के खसरा संख्या 90 से 96 में प्राधिकरण की भूमि पर औद्योगिक प्रयोजनार्थ नवीन योजना विकसित करने के प्रकरण पर चर्चा की गई। राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित शिक्षिकों को आरक्षित दर पर प्राधिकरण की योजना में भूखण्ड आवंटन करने का निर्णय लिया गया। बैठक में प्राधिकरण सचिव हरभान मीणा, उपसचिव जेडीए राकेश कुमार शर्मा, निदेशक आयोजना राजेश वर्मा, एसडीओ जोधपुर कलक्ट्रेट अपूर्वा परवाल, निदेशक अभियांत्रिकी एलआर विश्नोई, निदेशक वित्त ओपी सिरवी, निदेशक विधि जगदीश कुमार, उपायुक्तगण जेडीए नीरज मिश्र, राजेन्द्र सिंह चांदावत, श्रवण सिंह राजावत, अनिल पूनिया, चंचल वर्मा व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/3BXPNuj
0 comments:
Post a Comment