अस्पताल में आने वाले मरीजों में संक्रमण के खतरे को कम करने व संदिग्ध मरीजों की जानकारी के लिए स्वास्थ्य विभाग ने लेटेस्ट एडवाइजरी जारी की है। सीएमएचओ डॉ. बलवंत मंडा ने कहा कि जिले व राज्य के बाहर से आए रोगियों को निजी अस्पताल सर्दी-जुकाम के लक्षण दिखने के बाद एमडीएम अस्पताल की आइएलआइ ओपीडी में रैफर करेंगे। उसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग को भेजेंगे। अस्पताल आने वाले रोगियों की ओपीडी में दूरी 1 मीटर की रखी जाए। वृद्ध पेंशनर्स अति आवश्यक होने पर ही ओपीडी में आएं।
श्याम नगर के हाई रिस्क क्षेत्र में चला सघन अभियान
जोधपुर जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से बुधवार को शहर के हाई रिस्क श्याम नगर के चिन्हित प्रभावित क्षेत्र में जिला प्रशासन के समन्वय से स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा सघन सर्वे व स्क्रीनिंग अभियान चलाकर मोहल्ले में डोर टू डोर स्क्रीनिंग की। विदेश व अन्य राज्यों से आने वाले नागरिकों की सूची जिले के समस्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों के अधीन आने वाले क्षेत्रों में आवंटित कर उनकी स्वास्थ्य दल द्वारा स्क्रीनिंग कर उन नागरिकों के घर के बाहर होम आइसोलेशन का नोटिस चस्पां किया। 14 दिनों तक अपने घर में ही रहने के लिए पाबंद किया।
मेडिकल इमरजेंसी में फिलहाल ये इंतजाम
प्रशासन ने जनाना विंग को पूरा संदिग्ध रोगियों के लिए पृथक कर दिया है। वहीं जोधपुर पूरे में 7000 बैड क्षमता वाले वैलनेस सेंटर बनेंगे। जहां हाई रिस्क कांटेक्ट में आए संदिग्धों को रखा जाएगा। एमडीएम, एमजीएच, एम्स जोधपुर, सैटेलाइट अस्पताल सहित वर्तमान में आपात स्थिति से निबटने के लिए 410 आइसोलेशन बैड आरक्षित कर दिए गए हैं। संख्या बढ़ेगी तो 930 बैड की तैयारी रहेगी। अस्पतालों में चयनित सर्जरी फिलहाल पोस्टपोन है। 24 वेंटिलेटर सुरक्षित है और जरूरत पड़ेगी 116 वेंटिलेटर की। इसके अलावा प्राइवेट अस्पताल में भी 42 वेंटिलेटर बैड की सुविधा रिजर्व रखी गई है।
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