पीपाड़ सिटी. कस्बे एवं ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार बढ़ती नकबजनी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पीपाड़ पुलिस की विशेष टीम को गुरुवार को बड़ी कामयाबी मिली है। थानाधिकारी प्रेमदान रतनू ने बताया कि पुलिस अधीक्षक राहुल बाहरठ के निर्देशन पर नकबजनी की घटनाओं का खुलासा करने के लिए स्थानीय पुलिस ने तीन आदतन नकबजनों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस ने सार्वजनिक स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी एवं तकनीकी संसाधनों का अध्ययन करते हुए आरोपी घनश्याम पुत्र बिरदराम माली को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई। प्रकरण में सहयोगी हार्डकोर अपराधी श्यामलाल पुत्र भागीरथ जाट को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया। इसी प्रकार कस्बे में किराणा दुकान में हुई नकबजनी के मामले में पुलिस ने आरोपी बिरम उर्फ भाणीया को प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार कर पीसी रिमांड पर लेकर पूछताछ कर बरामदगी के प्रयास किए जा रहे है। नकबजनों ने लाभूराम के मकान से सोना-चांदी के आभूषण, आशुतोष शर्मा के मकान से घरेलू एवं इलेक्ट्रॉनिक सामान एवं भरतकुमार की किराणा की दुकान के ताले तोड़ चोरी करना स्वीकार किया है। नकबजनी की वारदात का पर्दाफाश करने में थानाधिकारी प्रेमदान रतनू, महावीरप्रसाद, समयराम, गणेशराम, श्रवणकुमार भाटी, महावीरसिंह राठौड़ का विशेष योगदान रहा। निप्र.
अभी भी कई वारदातों के खुलासे की उम्मीद में पीडि़त
गत दो वर्षों के दौरान साथीन गांव विशेष तौर पर चोरों के टारगेट पर रहा हैं। नकबजनी की वारदातों का खुलासा नहीं होने से नकबजनों के हौसले बुलंद है। नकबजनों ने अप्रेल 2017 में श्यामसुंदर सोनी, नथाराम देवासी समाधि स्थल, पंचायत भवन से बैटरियां एवं अन्य जरूरी सामान, अगस्त 2017 में तीन घरों में रामकिशन गौड़, भीखाराम गौड़, सीताराम जाट एवं 31 दिसंबर 2018 में आसुपुरी गोस्वामी, दिनेश प्रजापत, चंपालाल प्रजापत, ओमप्रकाश प्रजापत, श्यामलाल प्रजापत के घरों से लाखों की नकदी एवं जेवरात ले उड़े थे। इन मामलों में अभी तक पुलिस को कोई कामयाबी नहीं मिली है। निप्र
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2Jjm7Qv
0 comments:
Post a Comment