बाप (जोधपुर) . सात समुद्र पार से हजारों मील का हवाई सफर तय कर प्रेम का संदेश देने वाला पक्षी कुरजां का कलरव इन दिनों कस्बे के मेघराजसर सहित क्षेत्र के तालाबों पर सुनाई दे रहा है।
प्रवासी पक्षी कुरजां ने अपने शीतकालीन प्रवास के दौरान सुरक्षित स्थल कस्बे के मेघराजसर तालाब पर दस्तक दे दी है। शीतकालीन प्रवास पर आने वाली कुरजां के लिए बाप का मेघराजसर, शेखासर का गवाई तालाब, जांबा का जंभसरोवर तालाब, सर तालाब, मालमसिंह की सिडï्ड का हराजरा तालाब एवं कानासर तालाब सुरक्षित स्थल है।
इन स्थानों पर प्रतिवर्ष सैकड़ों की तादाद में कुरजां अपना डेरा डालती है। प्रात: काल उड़ान भर कर भोजन की तलाश में खेतों की तरफ जाते व सांय वापस लौट आते हैं। बाप क्षेत्र की आबोहवा कुरजां को रास आने के कारण पिछले कई वर्षों से लंबी उड़ान भरकर वह यहां पर सैकड़ों की संख्या में आ रही है।
कुरजां तालाब, नाडियों के पास बैठकर अठखेलियां भी कर रही हैं। ग्रामीणों सहित कई पक्षी प्रेमी विभिन्न तालाबो पर डेरा डाले बैठी कुरजां को निहारने के लिए आ रहे हैं।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2Q3GzV3
0 comments:
Post a Comment