जोधपुर. नगर निगम की ओर से 107 वर्ष पुराने हेरिटेज संरक्षित घण्टाघर मार्केट की दुकानें 99 वर्ष की लीज देने का विभिन्न संगठनों ने विरोध किया है। वेलकम जोधपुर कल्चरल डवलपमेन्ट सोसायटी के अध्यक्ष विष्णुचन्द्र प्रजापत ने बताया कि घंटाघर-गिरदीकोट (सरदार मार्केट) का निर्माण सरदारसिंह ने 1912 में मारवाड़ के लोगों रोजगार उपलब्ध कराने के लिए करवाया था। सरदार मार्केट के बीचोंबीच घंटाघर पर लगी घड़ी इंग्लेण्ड से खरीदी गई थी। जिस पर तीन लाख से अधिक की राशि व्यय हुई। एक सौ वर्ष पुरानी कोई भी इमारत हेरिटेज (संरक्षित इमारत) की श्रेणी में आती है इसलिए जोधपुर नगर निगम को 99 वर्ष की लीज पर देने कोई अधिकार नहीं हैं। जोधपुर नगर निगम इस मार्केट से राजस्व (किराया) वसूल कर सकता है। इंटेक जोधपुर, राजस्थानी शोध संस्थान, जोधपुर टूरिस्ट गाइड एसोसिएशन, जोधपुर गेस्ट हाउस एसोसिएशन, वीर दुर्गादास राठौड़ स्मृति समिति, मेहरानगढ़ पहाड़ी पर्यावरण विकास समिति, खुदरा अनाज व्यापारी संघ, हाथ-ठेला खाद्य सामग्री और फु टपाथ मजदूर यूनियन, म्यूनिसिपल एम्पलॉइज यूनियन, जोधपुर नगर निगम कर्मचारी संघ एकीकृत, अखिल भारतीय सफ ाई मजदूर कांग्रेस, अखिल राजस्थान राज्य संयुक्त कर्मचारी, वाहन चालक एवं तकनीकी कर्मचारी नगर निगम, स्वायत्तशासी कर्मचारी संघ (एकीकृत) सहित कई गणमान्य लोगों ने भी विरोध दर्ज किया।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2BzBGh9
0 comments:
Post a Comment