थोक में वोट, फिर भी चोट

पोस्ट पसंद आये तो लाइक जरुर करे ?

 

 

जोधपुर. विधानसभा चुनाव में ज्यादातर मतदाता इसी उम्मीद में अपना प्रतिनिधि चुनते हैं कि वह उनके बीच आएगा, उनकी पीड़ा सुनेगा, समस्याएं दूर करेगा। लेकिन पिछले चुनाव में वोटों और काम का गणित देखें तो जनता की उम्मीदें धराशायी ही हुई हैं। पक्ष हो या विपक्ष, कई बूथों पर थोक में वोट मिलने के बावजूद जीतने के बाद विधायकों ने मतदाताओं की सुध नहीं ली। जो हार गए, वे तो पलटकर आए ही नहीं। जो जीते, उन्होंने भी सूरत दिखाने में कंजूसी ही बरती। पत्रिका ने ऐसे कई बूथ क्षेत्रों की पड़ताल की, जहां 2013 के चुनाव में जीत का अन्तर बहुत बड़ा रहा। मतदाताओं ने प्रत्याशी को भरपूर वोट दिए। इन बूथों के इलाकों के लोगों का कहना है कि जहां कांग्रेस को वोट दिए, विकास कार्य होने की उम्मीद वैसे भी नहीं थी। जहां भाजपा को वोट दिए, वहां भी काम उम्मीदों के मुताबिक नहीं हुए। पत्रिका टीम ने जोधपुर जिले के दसों विधानसभा क्षेत्रों जोधपुर शहर, सरदारपुरा, सूरसागर, लूणी, बिलाड़ा, फलोदी, लोहावट, शेरगढ़, ओसियां व लूणी में भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस को सर्वाधिक मत दिलाने वाले बूथों की सुध ली तो वहां उजली तस्वीर नजर नहीं आई। पेश है ग्राउंड रिपोर्ट।

-------

क्षेत्रवासी बोले-बातें खूब, काम कम

- पीपाड़ शहर के लोगों ने बताया कि पानी निकासी की समस्या का सालों से कोई समाधान नहीं हुआ। गंदा पानी भरा रहता है।

- लोहवट के क्षेत्रवासियों ने कहा, टूटी सडक़ों की किसी ने सुध नहीं ली। पानी की समस्या का भी समाधान नहीं।

- बिलाड़ा के झांक के लोगों ने पेयजल आपूर्ति पर गुस्सा जताया। बोले-महीने में दो-तीन बार ही मीठा पानी नसीब होता है।

- लटियालपुरा, फलोदी के क्षेत्रवासियों ने कहा कि बाकी सब तो ठीक है, लेकिन फलोदी को जिला बनाने की मांग अब तक पूरी नहीं की।

- राप्रावि डूडी नगर बूथ पर ही अब तक बिजली की व्यवस्था नहीं हो पाई। स्कूल क्रमोन्नयन की डिमांड भी अधूरी। आसपास की ढाणियों में सडक़ की समस्या का नहीं हुआ समाधान।

- शहर विधानसभा क्षेत्र के मतदाता बोले-यहां ट्रैफिक और साफ-सफाई व्यवस्था बदहाल।

- सरदारपुरा विधानसभा क्षेत्र में अतिक्रमण और गंदगी की समस्या का नहीं हुआ हल।

- सूरसागर के बूथ क्षेत्र में सडक़ों की समस्या। गड्ढों पर लोगों ने जताई नाराजगी।

- बीआर बिड़ला स्कूल के आसपास चोरियों पर नहीं लगा अंकुश। सुरक्षा व्यवस्था पर खड़ा किया सवाल।

-------

पिछले विधानसभा चुनाव में हारे और जीते दोनों प्रत्याशी को हमारे क्षेत्र के कई लोगों ने आज तक नहीं देखा। हम भी कभी उनके पास नहीं गए और ना ही वे कभी आए। क्षेत्र में समस्याओं का अंबार है। कोई सुध नहीं ले रहा।

- ज्ञानेश्वर गौतम, प्रतापनगर, क्षेत्रवासी

--------

हमारे क्षेत्र में विधायक की पार्टी सत्ता में नहीं है। इस कारण कुछ समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। विकास के नाम पर कुछ खास नहीं हुआ। अतिक्रमण और गंदगी की बड़ी समस्या है। - महेश, मंडोर

--------------

वे बूथ, जहां भाजपा को मिले अधिक वोट

बूथ संख्या व नाम - मत - कुल मतदाता

66, राउमावि जोड़ दायां भाग, फलोदी -- 1110 -- 1118

193, राप्रावि डूडी नगर, लोहावट --- 928 - 1037

189, राउमावि निंबला, लूणी --- 895 --- 1061

218, राउमावि झांक, बायां भाग, बिलाड़ा -- 874 -- 972

171, बीआर बिड़ला पब्लिक स्कूल, झंवर रोड -- 793 -- 938

वे बूथ, जहां कांग्रेस को मिले सर्वाधिक वोट

बूथ संख्या व नाम -- मत -- कुल मतदाता

7, रामावि फूलबाग मंडोर बायां भाग -- 1037 -- 1049

59, राउमावि प्रतापनगर, सूरसागर -- 1077 -- 1095

132,चंपालाल हरकचंद कोठारी, राउप्रावि-1 पीपाड़ शहर -- 920 -- 1032

212, राउमावि लटियालपुरा, दायां भाग,फलोदी -- 897 -- 967

68, राउप्रावि प्रताप, बायां भाग, शहर -- 876 -- 998

-----

हम तो सभी मतदाताओं का सम्मान करते हैं। जेडीए व निगम की आर्थिक स्थिति खराब है। कई बार चाहते हुए भी काम नहीं करवा सकते। वैसे जो कमियां हैं, उनको सुधार रहे हैं।

- देवेन्द्र जोशी, जिलाध्यक्ष, शहर भाजपा

हम सभी वार्डों में जा रहे हैं। सभी कार्यकर्ता हर बूथ पर जनता से जुड़े हुए हैं। जहां चूक रही, वहां भी अंतिम छोर तक पहुंच कर आमजन की सुध ले रहे हैं।

- सईद अंसारी, जिलाध्यक्ष, शहर कांग्रेस



from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2NGZK6D
Share on Google Plus

About Atul

This is a short description in the author block about the author. You edit it by entering text in the "Biographical Info" field in the user admin panel.

0 comments:

Post a Comment