पीएम मोदी ने लोंगेवाला युद्ध के हीरो भैरोसिंह राठौड़ के बेटे को किया फोन, बोले-वीर सपूत को मेरा सलाम

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जोधपुर/बेलवा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को विजय दिवस के उपलक्ष में 1971 के लोंगेवाला युद्ध के हीरो शेरगढ़ के हीरो भैरोंसिंह राठौड़ सोलंकियातला के पुत्र से दूरभाष पर बात की और उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। सांस की तकलीफ के चलते 81 वर्षीय राठौड़ गत 14 दिसम्बर से जोधपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में भर्ती है। विजय दिवस पर पीएम मोदी ने सुबह करीब 11 बजे भैरोंसिंह राठौड़ के नंबर पर कॉल किया।

दो दिन से स्वास्थ्य में सुधार नहीं होने से वे आइसीयू में भर्ती हैं। इस पर पीएम ने सिंह के बेटे सवाईसिंह राठौड़ से बात की। सवाईसिंह ने पत्रिका को बताया कि प्रधानमंत्री ने फोन पर सबसे पहले जय हिंद बोलकर नमस्कार किया। फिर पिताजी के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी लेते हुए कहा कि ऐसे वीर सपूत को मेरा कोटि कोटि सलाम। इधर, विजय दिवस पर शेरगढ़ के जांबाज सैनिक से दूरभाष पर बात करने को पूर्व सैनिकों ने गौरवशाली बताया। उन्होंने बताया कि देश मे शेरगढ़ की पहचान वीर प्रसूताओं की धरा के रूप में रही हैं।

बॉर्डर मूवी में भैरोंसिंह राठौड़ का किरदार
वीर शूरमाओं की धरा शेरगढ़ के सोलंकियातला गांव में जन्मे भैरोंसिंह राठौड़ बीएसएफ की 14 बटालियन में 1971 में जैसलमेर के लोंगेवाला पोस्ट पर तैनात थे। जहां पर भैरोंसिंह ने अपने असाधारण शौर्य व वीरता का परिचय देते हुए पाक सैनिकों के दांत खट्टे किए थे। भारत पाक सीमा पर लोंगेवाला पोस्ट पर वे मेजर कुलदीपसिंह की 120 सैनिकों की कंपनी के साथ तैनात रहकर डटकर सामना करते हुए पाक के टैंक ध्वस्त कर दुश्मनों को मार गिराया। शेरगढ़ के सूरमा भैरोसिंह ने एमएफजी से 15-20 पाकिस्तानी दुश्मनों को ढेर कर दिया।

 

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भैरोसिंह बताते है कि युद्ध में उन्होंने मेजर कुलदीपसिंह के नेतृत्व में डटकर लड़े। शौर्यवीर भैरोंसिंह की वीरता, पराक्रम व असाधारण शौर्य के चलते सन 1997 में रिलीज हुई बॉर्डर फ़िल्म में सुनील शेट्टी ने राठौड़ का रोल अदा किया था। फ़िल्म में सिंह को शहीद बताया गया था, हालांकि असल जिंदगी में फ़िल्म के रियल हीरो भैरोंसिंह अपनी सरजमीं सोलंकियातला में जिन्दगी बिता रहे हैं।1971 के युद्ध में उनके पराक्रम पर राठौड़ को तत्कालीन मुख्यमंत्री बरकतुल्लाह खान ने सेना मेडल से नवाजा था। गौरतलब है कि सन 1963 में बीएसएफ में भर्ती होकर राठौड़ 1987 में रिटायर्ड हुए थे।



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