Vehicle theft : रोजाना आधा दर्जन दुपहिया वाहन चुरा रहे चोर

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जोधपुर।
आमजन की जरूरत के लिए दुपहिया वाहन दैनिक जरूरत का सबसे अहम साधन है। बाजार या कहीं भी बगैर किसी पार्किंग के दुपहिया वाहन खड़ा करना खतरे से भरा होता जा रहा है। पुलिस कमिश्नरेट जोधपुर में औसतन प्रतिदिन चार से पांच दुपहिया वाहन चोरी (4 to 5 vehicle stolen every day) हो रहे हैं। गत दो दिन में 17 दुपहिया वाहन चोरी होने की एफआइआर दर्ज हुई है। इनके पीछे नशावृत्ति की बढ़ती लत को सबसे बड़ी वजह माना जा रहा है। ((two wheeler stolen)
डेढ़ से दो लाख रुपए के वाहन रोजाना चोरी
दुपहिया वाहन चोरी के आंकड़ों पर नजर डाली जाए तो हर साल ढाई से तीन करोड़ रुपए के दुपहिया वाहन चोरी हो रहे हैं। पिछले साल 3.18 करोड़ रुपए के दुपहिया वाहनों को चोर चुरा ले गए थे। यानि औसतन डेढ़ से दो लाख रुपए के वाहन रोजाना चोरों के हाथ लग रहे हैं।
सूचना प्रसारित होने के बाद भी फरार हो रहे चोर
वाहन चोरी होने के बाद पीडि़त व्यक्ति पुलिस कन्ट्रोल रूम अथवा नजदीकी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराता है। वायरलैस सैट पर सम्पूर्ण कमिश्नरेट में संदेश प्रसारित कर तलाश शुरू करवाई जाती है, लेकिन इसके बावजूद न तो चोर पकड़ में आ रहे हैं और न ही वाहन।
नशे के लिए औने-पौने दामों में वाहनों की बिक्री
शहर व ग्रामीण क्षेत्र के युवा और अन्य लोग नशे की दलदल में फंस चुके हैं। स्मैक के बाद युवा पार्टी ड्रग्स एमडी की गिरफ्त में हैं। नशे की तलब को पूरी करने के लिए दुपहिया वाहन चोरी, बैग व चेन लूट कर रहे हैं। चोरी के वाहन औने-पौने दामों पर बेचे जा रहे हैं।
दो दिन : दुपहिया वाहन चोरी की 17 एफआइआर
पुलिस कमिश्नरेट में दुपहिया वाहन चोरियाें का अनुमान इसी बात से लगाया जा सकता है कि गत एक नवम्बर को आठ और दो नवम्बर को 9 एफआइआर दर्ज हुई है। जबकि इसकी तुलना में सरदारपुरा थाने में एक बाइक बरामद की जा सकी है।
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आंकड़ों की नजर में दुपहिया वाहन चोरी
वर्ष---------कुल वाहन चोरी---------------कुल लागत-----------कुल लागत के वाहन बरामद------बरामदगी प्रतिशत
2019-----------1366----------------------2,34,52,000---------1,09,29,000------------------------37.78
2020-----------932-----------------------1,99,83,000----------64,59,000--------------------------32.32
2021----------1333----------------------3,18,70,000----------1,51,81,600------------------------47.64
2022----------1003----------------------2,34,52,000----------88,69,300---------------------------37.81
(नोट : यह आंकड़े पुलिस कमिश्नर कार्यालय से प्राप्त हैं। वर्ष 2022 के आंकड़े 30 सितम्बर तक की अवधि के हैं।)



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