STEEL INDUSTRY---चीन में स्टील उत्पादों पर एक्सपोर्ट टैक्स: प्रदेश का स्टील उद्योग प्रभावित

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जोधपुर।
चीन की ओर से अपने घरेलू उद्योगों को बचाने के लिए लगाए गए एक्सपोर्ट टैक्स का असर भारत के स्टील उद्योग पर भी दिखाई दे रहा है। इससे भारत में कच्चे माल की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि हो गई है। इसमें प्रदेश का स्टेनलेस स्टील पाटा-पट्टी उद्योग सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। कच्चे माल की कीमतें बढ़ जाने से मांग कम व उत्पादन कम हो गया। साथ ही, स्टील बर्तन उद्योग व लाखों मजदूरों के रोजगार भी प्रतिकूल असर दिख रहा है।
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65-70 प्रतिशत तक बढ़ गए कच्चे माल के दाम
अप्रेल माह में लॉकडाउन लगने के बाद कच्चे माल की कीमतों में वृद्धि होने लगी, जो निरन्तर जारी है। हाल यह है कि वर्तमान में यह कीमतें 65-70 प्रतिशत तक बढ़ गई है। इससे यहां के उद्यमियों के कच्चा माल खरीदना मुश्किल हो गया है और उत्पादन घटकर 45-50 प्रतिशत हो गया है।
मेटल------------------- अप्रेल में कीमत--- वर्तमान कीमत
स्टेनलेस स्टील पाटा-पट्टी-- 60-65 ------ 105-110
कॉपर----------------- 500-550---- 850-900
क्रॉम------------------ 75-80------ 135-140
(कीमत: रुपए प्रति किलो में)
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देश में सर्वाधिक उत्पादन जोधपुर में, भिवाड़ी भी उभर रहा
देश में स्टेनलेस स्टील पाटा-पट्टी का सर्वाधिक उत्पादन जोधपुर में होता है। प्रदेश में जोधपुर के अलावा भिवाड़ी-आबू रोड भी नए स्टील हब के रूप में उभर रहे है।
- जोधपुर में 87 स्टील पाटा इकाइयां है, जिनमें प्रति माह करीब 30-35 हजार मैट्रिक टन उत्पादन होता है। कीमतें बढऩे से उत्पादन घटकर वर्तमान में करीब 14-15 हजार मैट्रिक टन हो रहा है।
- भिवाड़ी में करीब 25-30 इकाइयां है, जिनमें करीब 10-12 हजार मैट्रिक टन उत्पादन होता है। यहां भी कीमतें बढऩे से उत्पादन प्रभावित हुआ है।
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चीन बचा रहा घरेलू उद्योगों को, 131 उत्पादों पर लगाया टैक्स
चीन एक निर्यातक देश है। चीन ने अपने उद्योगों को बचाने के लिए पहली बार आयरन-स्टील उद्योग से जुड़े करीब 131 उत्पादों पर पहली बार एक्सपोर्ट टैक्स लगाया है। चीन के एक्सपोर्ट ड्यूटी लगाने से चीन का अन्य देशों को एक्सपोर्ट कम होगा व घरेलू उद्योगों को आपूर्ति हो सकेगी।
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केन्द्र सरकार को स्टील के कच्चे माल में बेतहाशा हो रही वृद्धि पर लगाम लगाने के लिए अनुकूल निर्णय लेकर लघु उद्योगों को राहत देनी चाहिए।
जीके गर्ग, मैनेजिंग ट्रस्टी
जोधपुर प्रदूषण निवारण ट्रस्ट
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रॉ मेटीरियल की दरों में अत्यधिक वृद्धि होने के कारण स्टेनलेस स्टील उद्योग प्रभावित है। केन्द्र सरकार को जल्द ही ठोसकदम उठाने चाहिए।
भंवरलाल चौपड़ा, अध्यक्ष
राजस्थान स्टेनलेस स्टील री-रोलर्स एसोसिएशनजोधपुर



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