जोधपुर।
स्वच्छता सर्वेक्षण की दौड़ में आपका शहर हिस्सा ले रहा है या नहीं, स्वच्छता के प्रति हम कितने सजग हैं। इसका भी सीधा असर हमारे शहर की रैंकिंग पर पड़ता है। इसीलिए हमारी भी सक्रियता जरूरी है। जोधपुर शहर जो कि पिछले बार सिटीजन फीडबैक और जन भागीदारी में अव्वल रहा था, इस बार लोगों की अच्छी सक्रियता के कारण सम्मानजनक स्थिति में है। लेकिन अब तक अजमेर और कई छोटे शहर भी भागीदारी में हमसे आगे हैं। ऐसे में ज्यादा से ज्यादा फीडबैक देना है।
कुछ ऐसे देना है फीडबैक
सवाल 1 - क्या आपको पता है कि आपका शहर स्वच्छता सर्वेक्षण में हिस्सा ले रहा है, पिछले बार कितनी रैंक थी?
सवाल 2 - स्वच्छता में अपने शहर को 100 में से कितने अंक देंगे?
सवाल 3 - व्यावसायिक व सार्वजनिक स्थानों की सफाई के मामले में अपने शहर को कितने अंक देंगे?
सवाल 4 - ़क्या आप से गीला और सूखा कचरा अलग-अलग देने के लिए कहा जाता है?
सवाल 5 - सार्वजनिक व सामुदायिक टॉयलेट की सफाई के मामले में अपने शहर को कितने अंक देंगे?
सवाल 6 - क्या आपको पता है कि अपने नजदीकी टॉयलेट को आप गूगल पर सर्च कर सकते है?
सवाल 7 - क्या आप जानते हैं स्वच्छता से जुड़ी समस्या के समाधान के लिए एप भी काम करती है?
------
यहां दे सकते हैं सवाल के जवाब
जरूरी नहीं कि शहर को अच्छा दिखाने के लिए आप ज्यादा नम्बर दें, लेकिन सर्वे में अधिक से अधिक भागीदारी भी हमारे शहर की रैंक सुधार सकती है। इस प्रकार का फीडबैक स्वच्छता एप और पोर्टल पर दे सकते हैं। जोधपुर से रविवार दोपहर कर 23 हजार से अधिक लोगों ने फीडबैक दे दिया था।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2NQkDkE
0 comments:
Post a Comment