जोधपुर. कर्मशियल वाहनों और भारी वाहनों का दबाव शहर में कम करने के लिए मोगड़ा के समीप प्रस्तावित ट्रांसपोर्ट नगर योजना का प्लान ही अभी फाइनल नहीं है, लेकिन जेडीए इस पर लाखों रुपए लगाने के लिए लगातार टैंडर निकाले जा रहा है। दूसरी ओर ट्रांसपोर्ट व्यापार से जुड़े लोग बता रहे हैं कि इस योजना में उनकी सुविधा की बजाय दुविधा बढ़ाने वाला काम ही किया जा रहा है।
जेडीए की ओर से मोगड़ा गांव के खसरा नम्बर 142 और 295 पर नया ट्रांसपोर्ट नगर प्रस्तावित किया गया है। इसमें एक हजार से अधिक भूखंडों की प्लानिंग की गई है। जोधपुर के औद्योगिक ढांचे के विस्तार, डीएमआईसी का रोहट के समीप औद्योगिक क्षेत्र विकास, रिफाइनरी प्रोजेक्ट और कांकाणी औद्योगिक क्षेत्र को देखते हुए यह स्थान काफी महत्वपूर्ण है। लेकिन इसका प्लान अब तक फाइनल नहीं हो पाया है।
55 लाख से अधिक राशि लगाने की तैयारी
- जेडीए ने पिछले माह निविदाएं आमंत्रित की थी जिसमें स्वागत द्वार का निर्माण करने के लिए 15.19 का बजट रखा गया था।
- अब हाल ही में स्ट्रीट लाइट और एलटी बिजली लाइनों डालने के लिए 43.52 लाख रुपए भी खर्च करने की तैयारी की जा रही है। जबकि पूर्व में जो प्लान बना उस पर कई आपत्तियां व्यापारी जता चुके हैं।
यह आपत्तियां पहले ही जता चुके
- जो आधारभूत प्लान ट्रांसपोर्ट नगर का बनाया गया है। उसमें दो प्रमुख सडक़ों को छोड़ कर सभी सडक़ें 80 फीट की दी गई है।
- प्रदेश में बसाए जा रहे अन्य ट्रांसपोर्ट नगर और औद्योगिक क्षेत्रों में रीको की भूखंड दरों से अधिक यहां की प्रस्तावित दर रखी गई। प्रस्तावित दर 12 हजार 550 रुपए प्रति वर्ग मीटर रखी है, जो कि काफी अधिक है।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/3b4iZE9
0 comments:
Post a Comment