जोधपुर. पिछले महीने पाकिस्तान की सिंध घाटी में अप्रत्याशित रूप से टिड्डी द्वारा स्प्रींग ब्रीडिंग करने के बाद अब टिड्डी की दूसरी पीढ़ी तैयार है। अण्डों से हॉपर निकल गए हैं जो पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के कई जिलों में हैं। अगले कुछ ही दिनों में इनसे गुलाबी टिड्डी बनेगी और नए दल बनकर भारत पर हमला करेंगे। उधर अफ्रीका के पूर्वी देशों केन्या, सोमालिया व इथोपिया में स्प्रींग ब्रीडिंग पूरी होने वाली है। समर ब्रीडिंग के लिए कुछ टिड्डी अफ्रीका के पश्चिमी देशों की ओर बढ़ेगी जबकि हिंद महासागर से लगते देश सोमालिया से टिड्डी दलों के हवा के साथ भारत पहुंचने की आशंका है। ये टिड्डी दल सीधा गुजरात के कच्छ तक आएंगे।
पूरे विश्व में भारत में सर्वाधिक टिड्डी
संयुक्त राष्ट्र संघ के खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) की ओर से 20 जून को जारी ताजा बुलेटिन में जुलाई महीने में भारत में बड़े टिड्डी हमलों की आशंका प्रकट की गई है। एफएओ की ओर से जारी मैप में अफ्रीका और एशिया के 30 से अधिक देशों में टिड्डी की उपस्थिति बताई गई है। सर्वाधिक टिड्डी भारत में है और भारत में भी सर्वाधिक राजस्थान में। एफएओ टिड्डी दलों के लिए लाल रंग का उपयोग करता है। राजस्थान के लगभग समस्त जिलों को एफएओ ने लाल रंग में रंग दिया है। पूरे प्रदेश में टिड्डी इधर से उधर घूम कर हरियाली सहित अन्य वनस्पति चट कर रही है। कुछ टिड्डी दल मध्यप्रदेश व गुजरात में भी हैं। मानसून आने के साथ राजस्थान में खतरा और बढ़ेगा।
बीकानेर पहुंचे कृषि मंत्रालय के अधिकारी
देश में टिड्डी दलों के बड़े हमलों की आशंका के मद्देनजर सोमवार को केंद्रीय कृषि मंत्रालय के सचिव स्तर के अधिकारी टिड्डी नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा के लिए राजस्थान पहुंचे। सोमवार शाम को उन्होंने बीकानेर के ग्रामीण हिस्सों में नियंत्रण कार्यक्रम की जानकारी ली।
अब प्राइवेट हेलीकॉप्टर उतारने की तैयारी
सूत्रों के मुताबिक टिड्डी से निपटने के लिए अब निजी कम्पनियों के हेलीकॉप्टर उतारने के लिए कृषि मंत्रालय बात कर रहा है। संभवत: इस महीने के अंत तक समझौता होने की उम्मीद है।
तीन राज्यों में चला ऑपरेशन
सोमवार को तीन राज्यों के टिड्डी के विरुद्ध ऑपरेशन किया गया। जैसलमेर जिले के 55 आरडी, रायमाला, बहाला, खेतोलाई, बाड़मेर जिले के शोभाबास, चितर का पार, जोधपुर जिले के कुकरा की ढाणी, मोखरी, थोब, घिचियों का बेरा, बीकानेर जिले के 359 आरडी, धीरेरा, 54 केवाईडी, खोचर, श्रीगंगानगर जिले के लेदर, 12 केएनडी, जयपुर जिले के घेनोई, अजमेर जिले के पुष्कर नाला, नागौर के भड़ानाा, खजवाना, पांचला सिद्धा, मालगांव, उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले के विजयपुरा और मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के बानुली नामक स्थान पर टिड्डी नियंत्रण कार्य किया गया।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2V3MQp2
0 comments:
Post a Comment