सरक्रीक के हरामीनाले पर पाकिस्तान की नापाक नजर, एक हफ्ते में पकड़ी गई सात संदिग्ध पाक की नौकाएं

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जोधपुर/बाड़मेर. मुंबई पर दुर्दान्त आतंकी हमले के 11 साल बाद पाकिस्तान फिर कच्छ के रण के हरामीनाले के जरिए प्रशिक्षित आतंकियों व पाक सेना के कमाण्डो को भेजने की फिराक में है। हरामीनाला इलाके में पिछले एक हफ्ते के दौरान सात संदिग्ध पाकिस्तानी नौकाएं पकड़े जाने को सुरक्षा एजेंसियां ‘ड्राइ रन’ मानते हुए सतर्क हो गई है। गुजरात से लेकर बाड़मेर के बाखासर तक की अन्तरराष्ट्रीय सीमा पर पैनी नजर रखी जा रही है। सरक्रीक इलाके में भी सीमा सुरक्षा बल के क्रोकोडाइल कमाण्डो और जल प्रहरियों की गश्त बढ़ाई गई है।

प्रतिरक्षा सूत्रों के अनुसार राजस्थान और पंजाब से सटी अन्तरराष्ट्रीय सीमा पर सख्ती के चलते पाकिस्तान सरक्रीक इलाके को ‘वारजोन’ बनाने की रणनीति अपना रहा है। हरामीनाले के रास्ते नौकाओं को भेजकर भारतीय सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता की टोह ली जा रही है। हालांकि अब तक पकड़ी गई नौकाओं से कोई संदिग्ध वस्तु तो नहीं मिली, लेकिन संदिग्ध नौकाओं को घुसपैठ के इरादे से ड्राइरन की आशंका माना जा रहा है। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी गुजरात के क्रीक इलाके के रास्ते घुसपैठ की आशंका जताई थी। इसके बाद सुरक्षा एजेंसियां लगातार सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में जुटी हुई है।

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सूत्रों का कहना है कि हरामीनाले के जरिए पाकिस्तान गुजरात और मुम्बई दोनों को टारगेट करने की फिराक में है। हरामीनाला कच्छ के दलदली इलाके में करीब 100 किमी की विवादित जगह है। इसे सरक्रीक कहते हैं। इस इलाके के सामने पाकिस्तान के उधर सघन आबादी है। जमीन भी लगभग समतल है। जबकि भारत में इलाका समुद्री व दलदली है। इस इलाके की भौगोलिक स्थिति सुरक्षा के लिहाज से मुश्किल है। पाकिस्तान से मछुआरे इधर आते हैं और इसका फायदा उठाकर पाक आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने की फिराक में रहता है।

पंजाब- राजस्थान में मुश्किल
जम्मू-कश्मीर के बाद पंजाब और राजस्थान की सीमा में पाकिस्तान के लिए घुसपैठ मुश्किल है। पंजाब में आतंकवाद के खात्मे के बाद मुंह की खा चुका पाक हिम्मत नहीं जुटा पाया है। राजस्थान में जैसलमेर-बाड़मेर से सटी सीमाओं पर पाकिस्तान तीन तरफ से घिर जाता है। लिहाजा आगे बढऩे की स्थिति नहीं है। साल 1965 एवं 1971 में इस सीमा से मात खाई थी। जबकि सरक्रीक की भौगोलिक परिस्थितियां पाकिस्तान के लिए 26 नवम्बर 2008 के मुंबई आतंकी हमले के लिए भी मुफीद बन गई थी। आज भी पाकिस्तान के लिए गुजरात और मुंबई पाकिस्तान में पनाह ले रहे आतंकियों के टारगेट पर हैं।

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एक नजर में घटनाएं

- पाकिस्तान सीमा से सटे कच्छ जिले के पास सरक्रीक के हरामीनाला इलाके में लखपत सीमा के पास 11 अक्टूबर को पांच पाकिस्तानी बोट लावारिस हालत में मिली
- 5 अक्टूबर को कच्छ के सरक्रीक इलाके से दो पाकिस्तानी बोट जब्त हुई
- 24 अगस्त को बीएसएफ ने हरामीनाला इलाके से 2 पाकिस्तानी बरामद हुई
- गत मई में कच्छ के पास समुद्र से पाक बोट से 500 करोड़ कीमत के मादक पदार्थ पकड़े गए
- इस साल मार्च में पाक बोट से 100 किलोग्राम हेरोईन जब्त हुई
- जनवरी में भी सरक्रीक इलाके से एक पाक बोट मिली थी

हरवक्त अलर्ट
बीएसएफ हर वक्त अलर्ट है। बाखासर के रण से गुजरात का इलाका शुरू होता है। हरामीनाला उसी क्षेत्र में है। बीएसएफ हर परिस्थिति पर नजर रख रही है।
- गुरुप्रीतसिंह, डीआइजी बीएसएफ, बाड़मेर सेक्टर



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