स्टोरी : गजेंद्र सिंह दहिया/जोधपुर. हेयरकट और शेविंग के बाद सैलून में अक्सर लोग सिर और गर्दन की मसाज करवाते हैं। इससे कुछ समय के लिए उन्हें शरीर में ताजगी महसूस होती है लेकिन पिछले कुछ समय से गर्दन में हड्डी के क्रेक होने और स्वास्थ्य संबंधी परेशानी सामने आने के बाद भारतीय सेना ने इस पर रोक लगा दी है। आर्मी के डॉक्टर्स ने अपने यहां कार्यरत बार्बर के लिए एडवाइजरी जारी करते हुए उन्हें ऐसा नहीं करने की हिदायत दी है। साथ ही आर्मी के अफसरों और जवानों को भी अपने स्तर पर इसे रोकने के लिए कहा है। यह एडवाइजरी जोधपुर स्थित मिलिट्री हॉस्पिटल के डॉक्टर्स ने दी है।
जोधपुर स्थित आर्मी की 12 कोर (कोणार्क कोर) में सोशल एंड प्रीवेंटिव मेडिसिन के डॉक्टर लेफ्टिनेंट कर्नल ए सुराणा ने मिलिट्री हॉस्पिटल की ओर से एडवाइजरी जारी करते हुए बार्बर द्वारा सिर और गर्दन मसाज के समय होने वाली इंजरी को लेकर सावधान किया है। एडवाइजरी के अनुसार गर्दन की मसाज करते समय वह व्यक्ति की ठुड्डी को पकडकऱ गर्दन को तेजी से दाएं बाएं घुमाता है। जिसके कारण गर्दन में मौजूद इस स्पाइनल कॉर्ड हड्डी और उसके उत्तक में चोट लग सकती है। इससे स्पाइनल कॉर्ड स्थाई रूप से डैमेज हो सकती है। सबसे बड़ा खतरा श्वास संबंधी समस्या का है। गर्दन में मौजूद फ्रेनिक तंत्रिका जो पेट में मौजूद डायफ्राम को नियंत्रित करती है, इसके डैमेज होने से श्वसन क्रिया बंद हो सकती है। इससे रोगी को स्थाई रूप से वेंटिलेटर पर रहना पड़ सकता है।
सेना में ट्रेड्समैन होते हैं बार्बर
सेना में बार्बर, दर्जी, लोहार जैसे ट्रेड्समैन के पद होते हैं। बार्बर अपने यूनिट के जवानों की हेयर कट व सेविंग करते हैं। इसके अलावा संविदा आधार पर भी सेना कुछ बार्बर की भर्ती करती है। गौरतलब है कि 2 साल पहले सिविल में अजय कुमार नाम के एक व्यक्ति के द्वारा सैलून में गर्दन मसाज करवाने से उनकी सांस बंद हो गई थी जिसके बाद उन्हें वेंटिलेटर पर भर्ती किया गया था।
हमने भी कई बार किया है मना
बार्बर द्वारा सिर व गर्दन मसाज करवाने से गर्दन की हड्डी व उसके ऊत्तकों के डैमेज होने का खतरा रहता है। हमने भी कई बार इसके लिए मनाही की है।
- ब्रिगेडियर डॉ डीएस शेखावत, पूर्व कमांडेंट, मिलिट्री हॉस्पिटल, जोधपुर
इस तरह की एडवाइजरी दी है
हाल ही में आर्मी के ही एक डॉक्टर ने इस तरह की एडवाइजरी दी है। वैसे भी सेना के अधिकारियों और जवानों को सिर व गर्दन मसाज नहीं करने की सलाह दी जाती है।
- कर्नल सोम्बित घोष, रक्षा प्रवक्ता
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2VWsRKy
0 comments:
Post a Comment