जोधपुर। शराब के नशे में पुलिस कमिश्नर से मिलने नहीं देने व बाहर निकालने पर एक युवक ने गुरुवार अपराह्न 4.15 बजे पुलिस कमिश्नर कार्यालय के मुख्य गेट के बाहर पेट्रोल उड़ेल खुद को आग लगाई और जलते हुए कार्यालय परिसर में जा पहुंचा।
कमर से निचले हिस्से में लपटों से घिरा युवक चिल्लाते हुए पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय व यातायात) के कार्यालय से आगे तक जा पहुंचा। जिसे देख पुलिस अधिकारियों व जवानों में हडक़म्प मच गया। पुलिसकर्मियों ने कपड़ों की मदद से आग बुझाई और झुलसी हालत में युवक को महात्मा गांधी अस्पताल के बर्न यूनिट में भर्ती कराया। कारणों का पता नहीं लग पाया है लेकिन उसकी पत्नी व एक पुत्र कई दिन से पीहर में है।
पुलिस के अनुसार मूलत: गेलावास हाल लाला लाजपतराय कॉलोनी निवासी ओमप्रकाश (31) पुत्र पुखराज मेघवाल ने पुलिस कमिश्नर कार्यालय के मुख्य गेट के बाहर पेट्रोल उड़ेलकर खुद को आग लगा ली। कमर से निचला हिस्सा लपटों से घिर गया तो वह बचाओ-बचाओ चिल्लाते हुए कार्यालय के अंदर की तरफ भागा। वह डीसीपी (ट्रैफिक) व एडीसीपी (मुख्यालय) कार्यालय के सामने तक जा पहुंचा।
तब तक एडीसीपी कैलाश सिंह सांदू, शास्त्रीनगर थानाधिकारी रमेश शर्मा व परिसर में मौजूद पुलिसकर्मी और ज्ञापन देने आए लोग बाहर आए। उन्होंने आग बुझाई। उसके जले कपड़े भी फाड़ दिए और अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने उसके 50 प्रतिशत जलने की आशंका जताई है। वह होश में है, लेकिन चिकित्सकों ने उसकी हालत बयान देने की स्थिति में नहीं बताई है।
दोपहर में आया था कमिश्नर से मिलने
कमिश्नर कार्यालय में परिवाद देने आए लोगों का कहना है कि युवक दोपहर करीब ढाई बजे वहां आया था। उसे कमिश्नर से मिलना था, लेकिन नशे में होने से पुलिस ने उसको रोक दिया और कार्यालय से बाहर निकाल दिया। इसके कुछ देर बाद वह आग की लपटों घिरा मदद के लिए चिल्लाते अंदर आया। जिसे देख सभी में हडक़म्प मच गया।
कारण पर असमंजस, भाई की चुप्पी
ओमप्रकाश दुपहिया वाहन पर टॉफी, बिस्किट,पापड़ सलेवड़े व अन्य सामग्री सप्लाई करता था। उसके दो पुत्र व पत्नी है। आत्मदाह के प्रयास करने का पता लगते ही बड़ा भाई चन्द्रप्रकाश व अन्य परिजन अस्पताल पहुंचे। पुलिस ने कारण जानने का प्रयास किया, लेकिन उसने किसी भी प्रकार की परेशानी होने से अनभिज्ञता जताई। उसका कहना है कि ओमप्रकाश सुबह ग्यारह बजे सप्लाई के लिए घर से निकला था। एक पुत्र के साथ पत्नी कई दिन से बालेसर के पास बेलवा गांव स्थित पीहर में है।
एफएसएल ने जुटाए साक्ष्य
आत्मदाह के प्रयास का पता लगते ही पुलिस कमिश्नर आलोक वशिष्ठ के साथ ही सभी अधिकारी व जवान कार्यालय से बाहर निकल आए। पुलिस अधिकारियों को मौके पर बुलाया गया। एफएसएल भी आई और मौके से साक्ष्य जुटाए। पुलिस को मुख्य गेट के बाहर पेट्रोल की एक खाली बोतल व माचिस की डिब्बी मिली है।
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