पूर्व प्रधानमंत्री वाजपेयी के नाम पर होगी एयरपोर्ट-सर्किट हाउस रोड, लगेगी आदमकद प्रतिमा

पोस्ट पसंद आये तो लाइक जरुर करे ?

जोधपुर. एयरपोर्ट से सर्किट हाउस मार्ग का नामकरण पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम से होगा। यह निर्णय जोधपुर विकास प्राधिकरण अध्यक्ष डॉ. महेन्द्र सिंह राठौड़ ने गुरुवार को बैठक लेते हुए किया। इसके साथ ही रातानाड़ा गणेश मन्दिर क्षेत्र में प्राधिकरण द्वारा नवनिर्मित पार्क में उनकी आदमकद प्रतिमा लगाने का निर्णय किया। प्राधिकरण द्वारा इस क्षेत्र में दो पार्क विकसित किए जा रहे हैं। दूसरे उद्यान में महाराणा प्रताप की अश्वारूढ़ प्रतिमा लगाने की कार्रवाई पहले से चल रही है। प्राधिकरण एम्पावर्ड कमेटी की बैठक हुई। जिसमें कई प्रकरणों का निस्तारण किया गया।

 

लीज डीड से 25 करोड़ की अतिरिक्त कमाई


प्राधिकरण के निदेशक आयोजना पी.आर बेनिवाल ने बताया कि बैठक में प्रकरणों पर निर्णय लिया जाकर जोधपुर के हजारों भूखण्ड क्रेताओं को लीजडीड जारी करने का मार्ग प्रशस्त किया गया है। बेनिवाल ने बताया कि इससे प्राधिकरण की आय में भी लगभग 25 करोड़ की बढ़ोतरी होगी।

जन आवास योजना की लॉटरी आज


ग्राम लोरड़ी पण्डितजी के प्रस्तावित आवासों की लॉटरी शुक्रवार सुबह 10 बजे प्राधिकरण कार्यालय में होगी। जेडीसी बिस्सा ने बताया कि इस योजना के अन्तर्गत ग्राम लोरड़ी पण्डितजी के खसरा संख्या 100, 103 तथा 104 में आवास गृहों का निर्माण किया जा रहा है। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 247 एवं अल्प आय वर्ग को 200 आवासगृह का आवंटन लॉटरी द्वारा किया जाएगा।

कौन जारी कर सकता है भूमि अधिग्रहण अधिसूचना, सरकार कल देगी जवाब

एयरपोर्ट विस्तार के लिए निजी एनजीओ लिब्रा इंडिया की ओर से दायर जनहित याचिका की सुनवाई गुरूवार को जस्टिस संगीत लोढा व डॉ जस्टिस वीरेन्द्र माथुर की खंडपीठ में हुई। करीब तीन सप्ताह से भी पहले एएजी राजेश पंवार की ओर से अदालत में कहा गया था कि जिला प्रशासन भूमि आवाप्ति बाबत अधिसूचना जारी कर दी गयी है तथा एक सप्ताह में गजट में प्रकाशित हो जाएगी। इसके बावजूद तीन सप्ताह बीत जाने पर भी इसके प्रकाशन नहीं होने पर याचिकाकर्ता की ओर से अधिसूचना की सक्षमता पर सवाल उठाए गए। जिसका स्पष्टीकरण 25 अगस्त को पुन: सुनवाई के दौरान प्रशासन की ओर से किया जाएगा।


दरअसल 1 अगस्त को हुई सुनवाई में एएजी राजेश पंवार ने भूमि अधिग्रहण के लिए इसके कानून के सेक्शन 11 के तहत अधिसूचना जारी करने की कार्यवाही के लिए एक सप्ताह का समय मांगा था। जब कि 8 अगस्त को हुई सुनवाई के दौरान एएजी ने बताया कि राइट टू फेयर कम्पेन्शेसन एंड ट्रान्सपिरेंसी अंडर लैंड एक्वीजिशन एंड रिहेबिलेशन एक्ट 2013 के तहत जारी कर दिया है तथा सरकार के अधिकृत गजट में एक सप्ताह में प्रकाशित हो जाएगा। लेकिन इसके दो सप्ताह बाद भी गजट में प्रकाशित नहीं हुआ, इस पर याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता एमएस सिंघवी ने कहा कि इस सेक्शन के तहत ड्राफ्ट नोटिफिकेशन जिला कलेक्टर की ओर से जारी किया गया है, जब कि इस मामले में इसे आवश्क रूप से राज्य सरकार की ओर से जारी किया जाना चाहिए, यही कारण गजट में प्रकाशित नही होने का है।

इसका जवाब देते हुए एएजी पंवार की ओर से कहा गया कि सम्भवतया भूमि अधिग्रहण एक्ट के नियम 3 (ई) (वी) के तहत शक्तियों का उपयोग करते हुए जिला कलेक्टर को सरकार की ओर से अधिसूचना जारी करने के लिए अधिकृत कर दिया गया है। उन्होंने इस बाबत और ज्यादा अधिकृत जान कारी पेश करने व सरकार से निर्देश प्राप्त करने के लिए एक दिन का समय दिए जाने की मांग की। अब मामले की सुनवाई कल 25 अगस्त को फिर से होगी।



from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2wmXNF9
Share on Google Plus

About Atul

This is a short description in the author block about the author. You edit it by entering text in the "Biographical Info" field in the user admin panel.

0 comments:

Post a Comment