जोधपुर: ब्लाइंड मर्डर केस में सनसनीखेज खुलासा, वजह जानकर आपके भी रोंगटे खड़े जाएंगे

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जोधपुर। 'मैं नमाजी हूं और मेरी बच्ची रिजवाना से जान से ज्यादा प्यार करता हूं। रिजवाना कई दिनों से ननिहाल में रह रही थी। मैंने गुरुवार को उसे पत्नी के साथ घर बुलाया था। फिर उसे बाजार ले गया और खूब घूमाया-फिराया। मिठाई, फल आदि खिलाए। फिर दोनों घर आ गए। रात को परिवार के साथ छत पर सो रहा थे।

मैं मेरी पुत्री को उठाकर नीचे बरामदे में ले आया। उसे गोद में बिठाया और कलमा सुनाया। इसके बाद मेरे में शैतान हावी हो गया। मैंने बेटी का कत्ल कर दिया। फिर उसे नीचे कमरे में सुला दिया। हथियार दुकान में छुपा दिया और छत पर जाकर सो गया था। यह स्वीकारोक्ति है मूलत: पिचियाक हाल पीपाड़ शहर में सिलावटों का बास निवासी नवाब अली का।

जोधपुर जिले की पीपाड़ शहर थाना पुलिस ने वारदात के चौबीस घंटे बाद चार साल की मासूम की हत्या का पर्दाफाश कर आरोपी पिता को गिरफ्तार किया। पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) राजन दुष्यंत ने बताया कि सिलावटों का बास में रिजवाना (4) की हत्या पिता नवाब (26) पुत्र मोहममद युसुफ ने गला काटकर की थी। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

कार्रवाई में पुलिस निरीक्षक मदनलाल, उप निरीक्षक राजेन्द्र खदाव, महेन्द्र कुमार, एएसआई घासीलाल, हैड कांस्टेबल प्रहलाद सिंह, सरवर खां, कांस्टेबल श्रवण कुमार, मनोज कुमार, गुलाम रब्बानी, मनीष आदि शामिल थे।

कहानी रची: बिल्ली के हमले से मौत
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि शुक्रवार सुबह अजान लगने से पत्नी जागी, लेकिन पास में पुत्री नहीं मिली। वह उसे तलाशने लगी। मां नीचे वाले कमरे में पहुंची तो पुत्री को लहुलूहान हालत में देख चौंक गई और चिल्लाने लगी। वह ऊपर गई और सोने का नाटक कर रहे पति को जगाया। दोनों नीचे पहुंचे और खून से लथपथ पुत्री को देखा। आरोपी पति ने पत्नी से कहा कि रिजवाना पर बिल्ली ने हमला कर दिया है।

पत्नी ने रिश्तेदारों को बुलाया और पुत्री को अस्पताल ले गए, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया था। अंधेरे-अंधेरे शव दफनाने का प्रयास अस्पताल से शव लेकर परिजन घर लौट आए थे। बिल्ली के हमले से मौत का कारण बता वे अंधेरे-अंधेरे शव दफनाने की तैयारी में थे, लेकिन पड़ोसियों को संदेह हुआ। उनकी सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी।

गला एेसे काटा जैसे जानवर को हलाल किया
एसपी राजन दुष्यंत का कहना है कि रमजान में घर में मासूम बच्ची की हत्या के बाद मौका मुआयना किया। शव का निरीक्षण करने पर गले के कटे होने के तरीके पर संदेह हुआ। वो एेसे काटा गया था जैसे किसी ने जानवर को हलाल किया हो। चूंकि घर पूरा बंद है और किसी भी बाहरी व्यक्ति के अंदर आकर हत्या करने की संभावना नहीं थी। पूछताछ करने पर उसने हत्या करना स्वीकार भी कर लिया।



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